Description
About the book
सोच संजीवनी एक पुस्तक नहीं है बल्कि एक प्रयास है: बदलाव लाने का। जीवन में सिर्फ़ संसार ही नहीं जीतना होता, बल्कि हम प्रसन्न हों यह भी सुनिश्चित करना होता है। ऐसे में स्वयं को ऊर्जावान रखने में काव्य और एक विचार हमारी मदद कर सकते हैं।
इस पुस्तक में ऐसी कविताएँ हैं, ऐसे विचार हैं जो आपकी हर हार को जीत में बदल सकते हैं। जीवन के उतार चढ़ाव जितने भी हों, उनमें आपका हौसला बढ़ा सकते हैं। यह किताब आपको सोचने पर मजबूर करेगी और सोच बदलने की हिम्मत देगी। आपकी सोच के लिए संजीवनी का काम करेगी।
About the author
सोच संजीवनी एक पुस्तक नहीं है बल्कि एक प्रयास है: बदलाव लाने का। जीवन में सिर्फ़ संसार ही नहीं जीतना होता, बल्कि हम प्रसन्न हों यह भी सुनिश्चित करना होता है। ऐसे में स्वयं को ऊर्जावान रखने में काव्य और एक विचार हमारी मदद कर सकते हैं।
इस पुस्तक में ऐसी कविताएँ हैं, ऐसे विचार हैं जो आपकी हर हार को जीत में बदल सकते हैं। जीवन के उतार चढ़ाव जितने भी हों, उनमें आपका हौसला बढ़ा सकते हैं। यह किताब आपको सोचने पर मजबूर करेगी और सोच बदलने की हिम्मत देगी। आपकी सोच के लिए संजीवनी का काम करेगी।

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